
अधिवक्ता शादाब मंसूरी की प्रभावी पैरवी: हरिद्वार कोर्ट ने चेक बाउंस के मामले में आरोपी मनोज कुमार को ठहराया दोषी।
हरिद्वार। न्यायालय अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (द्वितीय अपर सिविल जज, एस.डी.) हरिद्वार ने चेक बाउंस से जुड़े एक महत्वपूर्ण मामले में बड़ा फैसला सुनाया है। परिवादी की ओर से विद्वान अधिवक्ता श्री शादाब मंसूरी की सशक्त दलीलों और प्रभावी पैरवी के चलते अदालत ने आरोपी मनोज कुमार को धारा 138 एनआई एक्ट के तहत दोषी करार दिया है।
मामले का संक्षिप्त विवरण:
ज्वालापुर निवासी शोएब मंसूरी (परिवादी) ने गुघाल रोड निवासी मनोज कुमार (अभियुक्त) के खिलाफ चेक बाउंस का परिवाद (संख्या 161/2024) दायर किया था। यह मामला परकाम्य लिखित अधिनियम (NI Act) की धारा 138 के तहत विचाराधीन था।
न्यायालय का निर्णय:
माननीय न्यायाधीश श्रीमती विभा यादव की अदालत में चली लंबी कानूनी प्रक्रिया के बाद, अधिवक्ता शादाब मंसूरी द्वारा प्रस्तुत साक्ष्यों और तर्कों को सही पाया गया। अदालत ने 24 मार्च 2026 को अपना अंतिम फैसला सुनाते हुए अभियुक्त मनोज कुमार को इस मामले में ‘दोषसिद्ध’ (Convicted) घोषित किया।
मुख्य कानूनी बिंदु:
- परिवाद संख्या: 161 वर्ष 2024
- धारा: 138 परकाम्य लिखित अधिनियम
- निर्णय की तिथि: 24.03.2026
- अधिवक्ता परिवादी: श्री शादाब मंसूरी





