
देहरादून। राजधानी देहरादून में कानून व्यवस्था को लेकर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। वरिष्ठ पत्रकार हेम भट्ट पर सरेआम हुए जानलेवा हमले ने न सिर्फ पत्रकार जगत को झकझोर दिया है, बल्कि आम नागरिकों में भी भय और असुरक्षा की भावना पैदा कर दी है। व्यस्त इलाके में दिनदहाड़े हुए इस हमले से अपराधियों के बढ़ते हौसले साफ झलकते हैं।
घटना के बाद पत्रकार संगठनों और सामाजिक संस्थाओं ने कड़ी नाराजगी जताते हुए दोषियों की तत्काल गिरफ्तारी और सख्त कार्रवाई की मांग की है। पत्रकारों का कहना है कि यदि लोकतंत्र के चौथे स्तंभ पर ही हमला होगा तो आम आदमी की सुरक्षा की कल्पना कैसे की जा सकती है।

प्रदेश में लगातार बढ़ रही आपराधिक घटनाएं यह सवाल खड़ा कर रही हैं कि आखिर उत्तराखंड किस दिशा में जा रहा है। क्या कानून का राज सिर्फ कागजों तक सीमित रह गया है? पुलिस प्रशासन की भूमिका और सरकार की जवाबदेही पर भी उंगलियां उठ रही हैं।




